Kishore Kumar And Lata Mangeshkar Song: राजेश खन्ना और शर्मिला टैगोर की जोड़ी में 5 दशक पहले ऐसा ब्लॉकबस्टर गाना दिया था जिसके सामने आज के दौर के सुपरहिट नए गाने भी फिके पड़ जाते हैं। उस दौर में राजेश खन्ना और शर्मिला टैगोर की इस गाने ने रेडियो और टेप रिकॉर्ड पर धूम मचा दी थी।
‘अब चाहे मां रूठे या बाबा’ (Kishore Kumar and Lata Mangeshkar song) टाइटल से 1973 में रिलीज हुए इस ब्लॉकबस्टर हिंदी गाने का खुमार 53 वर्षों का समय बीत जाने के बाद भी लोगों के ऊपर से उतरा नहीं है। इतने लंबे अरसे के बाद भी लोगों की पहली पसंद बनी इस ब्लॉकबस्टर हिंदी गाने को आवाज बॉलीवुड की लीजेंड सिंगर स्वर कोकिला लता मंगेशकर और किशोर कुमार ने दी थी।
‘अब चाहे मां रूठे या बाबा’ पांच दशकों से कर रहा है लोगों के दिलों पर राज
70 के दशक में किशोर कुमार और लता मंगेशकर की आवाज में राजेश खन्ना और शर्मिला टैगोर की जोड़ी पर फिल्माया गया ब्लॉकबस्टर हिंदी गाना (blockbuster old Hindi song) ‘अब चाहे मां रूठे या बाबा’ पिछले पांच दशक से लोगों के दिलों पर राज कर रहा है। लगभग 53 वर्ष पहले 27 अप्रैल 1973 को रिलीज इस ब्लॉकबस्टर हिंदी गाने (70’s blockbuster Hindi song) की लोकप्रियता आज भी 70 के दशक जैसी बनी हुई है।
हिंदी सिनेमा की जानकारों के अनुसार यह गाना बॉलीवुड के सबसे बड़े ब्लॉकबस्टर गानों में से एक माना जाता है। इस गाने को रिलीज हुए 53 वर्षों का लंबा अरसा बीत गया है और आज भी अपनी पहचान बनाए हुए हैं। पांच दशक का लंबा समय बीत जाने के बाद भी यह नए हिंदी गानों को टक्कर दे रहा है।
राजेश खन्ना और शर्मिला टैगोर की जोड़ी पर दर्शकों ने लुटाया था जमकर प्यार
‘अब चाहे मां रूठे या बाबा’ गाने के रिलीज होने के बाद दर्शकों ने राजेश खन्ना और शर्मिला टैगोर की जोड़ी पर खूब प्यार लुटाया था। इस सदाबहार हिंदी गाने (Evergreen old Hindi song) को सुनकर उस दौर में लोगों ने लता मंगेशकर और किशोर कुमार की आवाज (Lata Mangeshkar and Kishor Kumar song) को ‘जादुई आवाज’ का टाइटल दे दिया था। राजेश खन्ना के साथ शर्मिला टैगोर की केमिस्ट्री भी इस सुपरहिट हिंदी गाने गाने के माध्यम से लोगों को अपनी ओर खींचने में कामयाब रहे थी।
लक्ष्मीकांत प्यारेलाल जी ने तैयार की थी गाने की धुन
लता मंगेशकर और किशोर कुमार की आवाज में डब किए गए हिंदी सिनेमा के ब्लॉकबस्टर सदाबहार गाने (blockbuster evergreen old song) ‘अब चाहे मां रुठे या बाबा’ गाने की धुन लक्ष्मीकांत प्यारेलाल जी ने तैयार की थी। लक्ष्मीकांत प्यारेलाल जी की दिल को छू लेने वाली गाने की धुन आज भी हिंदी संगीत को पसंद करने वाले दर्शकों को इस गाने को गुनगुनाने पर मजबूर कर देती है। राजेश खन्ना और शर्मिला टैगोर पर फिल्माए गए इस ब्लॉकबस्टर गाने के बोल साहीर लुधियानवी (Sahir Ludhianvi) द्वारा लिखे थे। इस गाने को 1973 में बनी “दाग” फिल्म के लिए बनाया गया था।

