वॉयस ऑफ पानीपत (तमन्ना गोयल)- सावन महीने की शुरुआत के साथ हरियाणा में कावड़ यात्रा ने जोर पकड़ लिया है। इस बार श्रद्धा के साथ-साथ युवाओं की क्रिएटिविटी भी हाईवे पर देखने को मिल रही है। गुरुग्राम और आसपास के इलाकों से निकली कावड़ें अपने अनोखे थीम की वजह से लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।इनके अलावा इस साल की यात्रा में देशभक्ति और सामाजिक संदेश भी देखने को मिल रहे हैं। कई कावड़िए तिरंगे के साथ बाबा की पालकी लेकर चल रहे हैं, तो कुछ युवक ‘मिसाइल कावड़’ लेकर निकले हैं। कुछ भक्तों ने अपनी कावड़ को नोट, रुद्राक्ष और तुलसी के पौधों से सजाया है।तकनीक का भी पूरा इस्तेमाल हो रहा है। कई कावड़ों पर डिजिटल स्क्रीन और साउंड सिस्टम लगाए गए हैं, जिन पर शिव तांडव स्त्रोत के साथ लेजर शो भी दिखाया जा रहा है।
₹5.5 करोड़ की लग्जरी कार पर विराजे भोलेनाथ:-
गुरुग्राम सीमा से लगे दिल्ली के नवादा गांव के युवाओं की टोली इस बार सबसे ज्यादा चर्चा में है। पारंपरिक कावड़ की जगह उन्होंने 5.5 करोड़ रुपये की एक लग्जरी सुपरकार के हूबहू मॉडल पर भगवान शिव की 15 फीट ऊंची प्रतिमा स्थापित की है।
युवाओं का कहना है कि वे बाबा भोलेनाथ को सबसे भव्य और आधुनिक तरीके से अपने गांव ले जाना चाहते थे।और उन्होंने महीनों की मेहनत से इस मॉडल को तैयार किया ।
इसके अलावा हरियाणा के खरखौदा क्षेत्र के शिवभक्तों ने भी अपनी कावड़ को शाही अंदाज दिया है। ये युवा गोल्ड प्लेटेड शिव स्वरूप के साथ हरिद्वार से पवित्र गंगाजल लेकर लौट रहे हैं। जिसकी चमक दूर से ही लोगो को आकर्षित करती है।भक्तों का मानना है कि उनके आराध्य देव ‘स्वर्ण’ से भी अधिक मूल्यवान हैं।
साथ ही गुरुग्राम से सटे नजफगढ़ के चार दोस्त – चिराग, अमित, मितू और सोनू अपनी ‘जिम कावड़’ के साथ यात्रा कर रहे हैं। उन्होंने एक बड़े वाहन पर डंबल्स, बारबेल्स और पुल-अप बार जैसे जिम उपकरण लगाए हैं। ये युवा भजन के साथ-साथ रास्ते में व्यायाम भी कर रहे हैं और उनका मकसद लोगों को फिटनेस व नशे के खिलाफ जागरूक करना है । उनका कहना है कि अगर युवा फिटनेस पर ध्यान देंगे और नशे को छोड़ेंगे, तो शरीर स्वस्थ रहेगा और वे गलत दिशा में नहीं भटकेंगे। हरिद्वार से गुरुग्राम तक उनकी इस कावड़ का जगह-जगह स्वागत हो रहा है।
TEAM VOICE OF PANIPAT

