वॉयस ऑफ पानीपत ( तमन्ना गोयल) – देश में पेपर लीक की घटनाओं को लेकर चल रही सियासी बहस के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को ऐलान किया कि दोषियों को सजा देने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाई जाएंगी। युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले आरोपियों को बख्शा नहीं जाएगा।प्रधानमंत्री मोदी का यह ऐलान विपक्ष और कांग्रेस के प्रदर्शन के बीच आया है। कांग्रेस जंतर-मंतर पर पिछले 34 दिनों से प्रदर्शन कर रही है। सोनम वांगचुक भी पिछले 26 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। वह अभी गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती हैं और वहीं उनका इलाज चल रहा है।

प्रधानमंत्री मोदी की इस घोषणा के बाद राहुल गांधी ने कहा कि आपने ही हमारे युवाओं के भविष्य को नुकसान पहुंचाया है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि आपने शिक्षा व्यवस्था को कमजोर होने दिया और इसके जिम्मेदार व्यक्तियों को संरक्षण दिया।उन्होंने बुधवार को दिल्ली के इंदिरा भवन में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के खिलाफ करीब 40 मिनट प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इसमें उन्होंने सबसे पहले 20 जुलाई को कांग्रेस के संसद चलो मार्च में शामिल हुए छात्रों का वीडियो चलाया। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों ने छात्रों को बुरी तरह पीटा। इस नीट पेपर लीक मामले से 7.5 करोड़ छात्र और उनके परिवार प्रभावित हुए हैं। और इस मामले में किसी को कोई सजा नहीं दी गई।राहुल गांधी ने प्रेजेंटेशन के दौरान स्लाइड्स दिखाई जिसमें उन्होंने 3 मांगे रखीं:
- शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें
- छात्रों को पीटने वालों पर कार्रवाई की जाए
- प्रधानमंत्री मोदी छात्रों से माफी मांगें ।
इससे पहले कांग्रेस ने मंगलवार को दोपहर 3:30 बजे प्रधानमंत्री मोदी के आधिकारिक आवास 7, लोक कल्याण मार्ग के पास धरना दिया। इसमें राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, अखिलेश यादव, मल्लिकार्जुन खड़गे समेत कई नेता शामिल हुए। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी इस्तीफा दो के नारे लगाए गए। ऐसा पहली बार था कि प्रधानमंत्री आवास के पास किसी विपक्षी नेता ने धरना दिया हो। कांग्रेस ने यह योजना बेहद गुप्त तरीके से बनाई। उन्होंने खड़गे के जन्मदिन के बहाने सांसदों और नेताओं को बुलाया था।
क्या है फास्ट ट्रैक कोर्ट :-
फास्ट ट्रैक कोर्ट ऐसी विशेष कोर्ट होती हैं, जिन्हें उन मामलों की सुनवाई जल्दी पूरी करने के लिए बनाया जाता है जिनमें देरी से न्याय प्रभावित हो सकता है। इसमें मुख्य रूप से पोक्सो से जुड़े मामले, महिलाओं और बच्चों के खिलाफ गंभीर अपराध, और कुछ राज्यों में विशेष आपराधिक मामलों की सुनवाई होती है। अब सरकार ने पेपर लीक मामले में भी फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने की घोषणा की है ताकि इनकी सुनवाई और फैसला तेजी से हो सके।फास्ट ट्रैक कोर्ट का रिकॉर्ड भी बेहतर रहा है। केंद्र सरकार के मुताबिक रेप और पोक्सो मामलों के लिए बनी फास्ट ट्रैक कोर्ट ने 2019 से 2025 तक 3.06 लाख मामलों का निपटारा किया है। यानी जितने नए मामले आए, लगभग उतने ही मामलों का निपटारा भी हुआ।
जेपी नड्डा का जवाब :-
केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने राहुल के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि जब कांग्रेस सरकार के शासन में पेपर लीक होते हैं तब वह यह सवाल क्यों नहीं उठाते, सिर्फ भाजपा शासित सरकारों को ही क्यों टारगेट किया जाता है। आखिर वह इतने पक्षपातपूर्ण क्यों हैं।
TEAM VOICE OF PANIPAT

