हरियाणा में इन दिनों मानसून कमजोर पड़ गया है और पश्चिमी हवाओं से तापमान बढ़ने लगा है। मानसून के बीच बढ़ते तापमान और हवा में मौजूद नमी (उमस) को देखते हुए कृषि मौसम वैज्ञानिकों ने किसानों के लिए विशेष मौसम एडवाइजरी जारी की है।
किसानों के लिए एडवाइजरी जारी
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में अभी मानसून की गतिविधियां कम देखने को मिल रही है। लेकिन आगामी दिनों में छिटपुट बारिश की संभावना है।
लगातार बदलते मौसम से किसानों की फसलों को नुकसान पहुंच सकता है। इसलिए विभाग ने किसानों को खड़ी फसलों में फिलहाल सिंचाई रोकने की सलाह दी है।
अगर आसमान साफ हो तो ही फसलों पर दवाओं का छिड़काव करें। इसके साथ ही हवा में अधिक नमी और गर्मी के कारण कपास/नरमा की फसल में सफेद मक्खी, चेपा और गुलाबी सुंडी का प्रकोप बढ़ सकता है।
यदि सफेद मक्खी का हमला आर्थिक क्षति स्तर पार करें, तो साफ मौसम में सिफारिश की गई कीटनाशक (जैसे फ्लोनिकामिड या अफिडोपायरोपेन) का छिड़काव करें।
इसके अलावा इस बदलते मौसम में धान में जड़ घुन का प्रकोप भी बढ़ सकता है। इसलिए किसान इस पर विशेष नजर रखें और यूरिया का प्रयोग शाम के समय ही करें, इसे कीटनाशकों के साथ न मिलाएं।

