Haryana News: हरियाणा प्रदेश में सरकार द्वारा प्रदूषण पर रोकथाम लगाने के लिए अब ग्रामीण क्षेत्र में कड़े कदम उठाने की तैयारी की जा रही है। बता दें कि दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण प्रबंधन संबंधी उच्चस्तरीय टास्क फोर्स की बैठक में हरियाणा राज्य सरकार ने प्रदूषण नियंत्रण के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी दी है।
जानकारी के अनुसार प्रदेश के हॉट स्पॉट गांवों में कम लागत वाले पीएम 2.5 सेंसर लगाए जाएंगे। प्रदेश सरकार दिल्ली एनसीआर में धान के सीजन में प्रदूषण पर रोकथाम के लिए यह कदम उठा रही है। सरकार द्वारा उठाई गई इस कदम की जानकारी मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने दी। प्रदेश सरकार राज्य में पराली जलाने वाले हॉटस्पॉट ग्रामीण क्षेत्रों का सत्यापन इसरो के मोबाइल एप से करने की तैयारी कर रही है।
पराली की निगरानी को 45 दिन के लिए 50 ड्रोन होंगे तैनात
प्रदेश सरकार राज्य में प्रदूषण पर रोकथाम के लिए एक्शन मोड में आ गई है। धान की पराली से होने वाले प्रदूषण की रोकथाम के लिए राज्य सरकार अगले 45 दिन के लिए हॉटस्पॉट गांवों में 50 ड्रोन कैमरे तैनात करेगी। पिछले आंकड़ों की बात करें तो 2021 की तुलना में 2025 में पराली जलाने की घटनाओं में 91% की कमी दर्ज की गई है। मुख्य सचिव ने यह जानकारी दी है।
औद्योगिक इकाइयों के निर्माण स्थलों की कैमरों से की जा रही निगरानी
हरियाणा सरकार के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने प्रदेश में प्रदूषण पर रोकथाम के लिए उठाए गए कदमों के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि 500 वर्ग मीटर से अधिक के 3,211 निर्माण स्थलों पर कैमरों व पीएम सेंसर से निगरानी रही है। इसके अलावा ईंट-भट्ठों में बायोगैस को-फायरिंग को एक नवंबर से बढ़ाया जाएगा। 30% करने का प्रस्ताव है। वहीं राज्य में 1018 इलेक्ट्रिक बसें और 1,276 चार्जिंग स्टेशन चलाए जा रहे हैं।

