Government Self-Employment Scheme : हरियाणा सरकार द्वारा शुरू की योजनाएं युवाओं के लिए वरदान बनकर आ रही है। जहां पर युवा सरकारी योजनाओं के माध्यम से स्वरोजगार स्थापित कर रहे है और सफलता की कहानी बन रहे है। ऐसी एक कहानी है। फतेहाबाद के वार्ड नंबर-22 स्थित वाल्मीकि चौक निवासी वीरू की। जिसने हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम की स्वरोजगारपरक योजनाओं का लाभ लेकर किरयाणा दुकान शुरू कर अपने लिए स्वरोजगार का साधन तैयार किया है। आर्थिक तंगी से जूझ रहे वीरु का अब खुद का स्वरोजगार स्थापित हो गया है।
वीरू ने बताया कि उसकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी और वह खुद का व्यवसाय करने में सक्षम नहीं था। ऐसे समय में हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम के माध्यम से उसे माइक्रो क्रेडिट योजना के तहत आर्थिक सहायता मिली। निगम की योजना के अंतर्गत अनुसूचित जाति परिवारों को आय सृजन गतिविधियों के लिए ऋण उपलब्ध करवाया जाता है, जिसमें किरयाणा दुकान सहित अनेक छोटे व्यवसाय शामिल हैं।
वीरु ने वर्ष 2025-26 में किरयाणा दुकान स्थापित करने में किया। हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम से 1 लाख रुपये का ऋण मिला जिसमें 50 हजार की सब्सिडी थी जिसके कारण उसके लिए व्यवसाय शुरू करना आसान हुआ।
माइक्रो क्रेडिट योजना का उद्देश्य अनुसूचित जाति वर्ग के पात्र लोगों को छोटे स्तर पर व्यवसाय अथवा अन्य आय-सृजन गतिविधियां शुरू करने के लिए रियायती वित्तीय सहायता उपलब्ध करवाना है। ऐसी योजनाओं के माध्यम से पात्र लाभार्थियों को स्वरोजगार स्थापित करने के लिए वित्तीय सहायता दी जाती है और आवेदन राज्य की अधिकृत चैनलाइजिंग एजेंसियों के माध्यम से आगे बढ़ाए जाते हैं।
वीरू ने बताया कि किरयाणा दुकान शुरू होने के बाद उसे नियमित आमदनी प्राप्त हो रही है। उन्होंने कहा कि इस आर्थिक सहायता ने न केवल उन्हें स्वयं का काम शुरू करने में मदद की, बल्कि परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने का अवसर भी दिया है।
उन्होंने कहा कि पहले अपना व्यवसाय शुरू करने के लिए पर्याप्त पूंजी उपलब्ध नहीं थी, लेकिन निगम की सहायता मिलने से उसे अपने पैरों पर खड़ा होने का अवसर मिला। आज वह अपनी दुकान का संचालन स्वयं कर रहा है और मेहनत से अपनी आय को आगे बढ़ाने का प्रयास कर रहा है। उसके अनुसार यह सहायता उसके लिए केवल ऋण नहीं, बल्कि स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में मिला अवसर है।
हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम बैंक टाई-अप योजनाओं के साथ-साथ एनएसएफडीसी के सहयोग से भी विभिन्न स्वरोजगार योजनाएं संचालित करता है।
वीरू ने हरियाणा सरकार और हरियाणा अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसी योजनाएं जरूरतमंद परिवारों को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने अन्य युवाओं से भी उपलब्ध सरकारी स्वरोजगार योजनाओं की जानकारी लेकर उनका लाभ उठाने और मेहनत के साथ अपने व्यवसाय को आगे बढ़ाने का आह्वान किया।

