वॉयस ऑफ पानीपत ( आयुषी त्यागी) – देश में जल्द ही ₹10 और ₹20 के पॉलीमर (प्लास्टिक) नोटों का ट्रायल शुरू होने जा रहा है। केंद्र सरकार ने इसके लिए मंजूरी दे दी है और शुरुआती चरण में इसके लिए लगभग 200 करोड़ नोट छापे जाएंगे। जानकारी के अनुसार, ₹10 और ₹20 के 100-100 करोड़ नोट तैयार किए जाएंगे। हालांकि, ट्रायल कब शुरू होगा, इसकी तारीख अभी घोषित नहीं की गई है। प्लास्टिक नोट के साथ कागज के नोट भी चलन में बने रहेंगे और उन्हें बंद नहीं किया जाएगा।
भारत में पॉलीमर नोटों का प्रयास सबसे पहले वर्ष 2012 में आया परन्तु तकनीकी कारणों से उस समय इसे आगे नहीं बढ़ाया जा सका। इसके बाद 2026 मई-जून के दौरान एक बार फिर इस विषय पर विचार हुआ तब RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने इसका वैल्युएशन होने की बात कही थी। और अब हाल ही में वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने संसद में जानकारी दी कि केंद्र सरकार ने 200 करोड़ पॉलीमर नोटों के ट्रायल को मंजूरी दे दी है।
पॉलीमर नोटों के प्रमुख फायदे:
- ये सामान्य कागजी नोटों की तुलना में कहीं अधिक टिकाऊ होते हैं।
- पानी, नमी, धूल और गंदगी का इन पर कम असर पड़ता है।
- आसानी से फटते नहीं हैं, जिससे इनकी लाइफ बढ़ जाती है।
- इनमें आधुनिक सुरक्षा फीचर्स जोड़ना आसान होता है, जिससे नकली नोट बनाना बेहद मुश्किल हो जाता है।
- लंबे समय तक साफ-सुथरे बने रहने के कारण इन्हें बार-बार बदलने की जरूरत कम पड़ती है, जिससे नोट छापने की लागत में भी कमी आ सकती है।

इस दिशा में RBI ने भी तैयारियां तेज कर दी हैं। कुछ दिन पहले नोट छापने वाली इकाई की ओर से वैश्विक स्तर पर पॉलीमर सब्सट्रेट शीट की सप्लाई के लिए ‘एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (EOI)’ जारी किया है। इस टेंडर के तहत एडवांस सुरक्षा फीचर्स वाली पॉलीमर शीट उपलब्ध कराने के लिए दुनियाभर की कंपनियों से आवेदन मांगे गए हैं। बोली जमा करने की अंतिम तिथि 18 अगस्त तय की गई है। यदि ट्रायल सफल रहता है, तो भविष्य में भारत की करेंसी में पॉलीमर नोटों का इस्तेमाल बड़े स्तर पर किया जा सकता है।
TEAM VOICE OF PANIPAT

