हरियाणा सरकार ने प्रदेश की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना शुरू की है। योजना का लाभ लेने वाली या इसके लिए पंजीकरण करवाने वाली किसी भी माता-बहन को किसी अन्य सरकारी योजना के लाभ से वंचित नहीं किया जाएगा।
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कहा कि महिलाओं के बीच यह भ्रम फैलाया जा रहा है कि योजना में पंजीकरण कराने पर उनकी दूसरी पेंशन या अन्य सरकारी सहायता बंद हो जाएगी, जबकि ऐसा नहीं है। अन्य योजनाओं का लाभ पहले की तरह मिलता रहेगा।
इन महिलाओं को भी मिलेगा लाभ
योजना का लाभ अधिक से अधिक पात्र महिलाओं तक पहुंचाने के लिए परिवार की अधिकतम वार्षिक आय की निर्धारित सीमा को 1 लाख रुपये से बढ़ाकर 1.80 लाख रुपये किया जा रहा है। इससे प्रदेश की और अधिक महिलाएं इस योजना के दायरे में आएंगी और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनने में मदद मिलेगी। इसके लिए जल्द नया पंजीकरण पोर्टल खोला जाएगा। योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 2100 रुपये की आर्थिक सहायता राशि का लाभ दिया जाएगा।
महिलाओं की बढ़ेगी भागेदारी
सीएम सैनी ने कहा कि इस योजना का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता राशि देना नहीं बल्कि महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना और परिवार के आर्थिक निर्णयों में उनकी भूमिका मजबूत करना है। आय सीमा बढ़ने से कमजोर आय वर्ग की और अधिक महिलाएं सीधे आर्थिक सहायता के दायरे में आएंगी।

