राजस्थान में पंचायत चुनाव का ऐलान कर दिया गया है। राज्य निर्वाचन आयोग 4 चरणों में चुनाव कराएगा। 8 अक्टूबर को पंचायत चुनाव की लोक सूचना जारी होगी। 13 अक्टूबर नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख है। सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक नामांकन फॉर्म दाखिल होंगे।
इसके बाद 14 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की समीक्षा की जाएगी। वहीं 15 अक्टूबर को नामांकन वापस लेने की अंतिम तारीख है। पंचायत समिति सदस्यों के लिए पहले चरण की अधिसूचना 8 अक्टूबर, दूसरे चरण की अधिसूचना 13 अक्टूबर, तीसरे चरण की अधिसूचना 19 अक्टूबर और चौथे चरण की अधिसूचना 21 अक्टूबर को जारी होगी।
चार चरणों में होगा मतदान
पहले चरण के लिए नामांकन प्रक्रिया 8 अक्टूबर से शुरू होगी और 23 अक्टूबर को मतदान होगा। दूसरे चरण में 13 अक्टूबर से नामांकन शुरू होंगे और 29 अक्टूबर को वोटिंग होगी। वहीं तीसरे चरण में 19 अक्टूबर से नामांकन प्रक्रिया शुरू होगी और 4 नवंबर को मतदान कराया जाएगा।
इसके अलावा चौथे चरण में 21 अक्टूबर से नामांकन शुरू होंगे और 14 नवंबर को मतदान होगा। चुनाव प्रक्रिया समाप्त होने के बाद 20 नवंबर को सभी चरणों की मतगणना की जाएगी। 41 जिला परिषद और 457 पंचायत समितियों के चुनाव होंगे और 14,403 ग्राम पंचायतों में सरपंच और वार्ड पंचों के चुनाव होंगे।
1,403 जिला परिषद सदस्य और 8,245 पंचायत समिति सदस्य चुने जाएंगे। वहीं 41 जिला प्रमुख और 457 प्रधान चुने जाएंगे। सरपंच और वार्ड पंच का चुनाव बैलेट पेपर से होगा, जबकि पंचायत समिति और जिला परिषद सदस्यों के चुनाव EVM से होंगे।
पंचायतीराज संस्थाओं में महिलाओं को 50% आरक्षण दिया गया है। कुल वोटरों में 51.82% पुरुष और 48.18% महिला मतदाता है।
वहीं जयपुर में सबसे ज्यादा 18.99 लाख वोटर, जैसलमेर में सबसे कम 4.36 लाख है। चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में आचार संहिता लागू की गई है। बता दें कि कोटा, श्रीगंगानगर, बारां और करौली में जिला प्रमुख और प्रधानों के चुनाव 22 दिसंबर को होंगे।

