हरियाणा के तीन दर्जन से ज्यादा शहरों में ट्रैफिक जाम का झंझट खत्म करने और यातायात व्यवस्था को सुधारने की दिशा में बड़ी कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए 39 शहरों में ट्रांसपोर्ट नगर विकसित किए जाएंगे। इसके अलावा कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेस-वे के किनारे नमो सिटी विकसित की जाएगी।
जमीन खरीदने की प्रक्रिया शुरू
ट्रांसपोर्ट नगर के लिए 8 हजार एकड़ और नमो सिटी के लिए 9 हजार एकड़ जमीन खरीदने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसी तरह आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाओं के लिए 27 शहरों में 47 हजार एकड़ जमीन की खरीद की जाएगी।
राज्य सरकार ने विभिन्न परियोजनाओं के लिए 71 शहरों में 1.67 लाख एकड़ जमीन खरीदने की योजना बनाई है, जिसके तहत चौथे चरण में किसानों से 64 हजार एकड़ जमीन मांगी गई है। सरकार को जमीन बेचने के इच्छुक किसान 31 अक्टूबर तक ई- भूमि पोर्टल पर आवेदन कर सकते हैं।
स्मार्ट शहर होंगे विकसित
NCR रीजनल प्लान-2041 के तहत इस मेगा स्मार्ट सिटी परियोजना का उद्देश्य भविष्य की जरूरतों के मुताबिक एक आधुनिक, प्रदूषण-मुक्त और तकनीक आधारित शहर बसाना है। यह शहर पूरी तरह ‘ग्रीन और स्मार्ट’ होगा। इसके बड़े हिस्से में हरियाली (ग्रीन बेल्ट) विकसित की जाएगी।
वहीं, प्रदुषण रोकने के लिए केवल इलेक्ट्रिक वाहनों और साइकिलों के संचालन को अनुमति दी जाएगी। इन शहरों को ‘ग्लोबल मिनीफाइड स्मार्ट सिटी’ की तर्ज पर विकसित किया जाएगा जहां 24 घंटे बिजली-पानी, भूमिगत यूटिलिटी लाइन, स्मार्ट कचरा प्रबंधन जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएगी। घरों के आसपास ही दफ्तर और व्यवसायिक केंद्र होंगे जिससे ट्रैफिक जाम और प्रदुषण कम होगा। इन शहरों को विकसित करने के लिए झज्जर और फरीदाबाद में सबसे ज्यादा जमीन की खरीद की जाएगी।

