वॉयस ऑफ पानीपत (तमन्ना गोयल) – भगवान शिव का प्रिय माह सावन की शुरुआत के साथ देश की धार्मिक कावड़ यात्रा 30 जुलाई (गुरुवार) से शुरू होने जा रही है जिसका समापन 11 अगस्त शिवरात्रि के दिन जलाभिषेक के साथ होगा। उत्तराखंड के हरिद्वार, ऋषिकेश और गोमुख से गंगाजल लेकर अपने स्थानों की ओर निवेष करेंगे। जिसमें 5 करोड़ से भी अधिक शिवभक्तों का कावड़ यात्रा में शामिल होने का अनुमान है। ऐसे में श्रावण मास कावड़ मेले को सकुशल और सुरक्षित बनाने के लिए पुलिस ने विशेष सुरक्षा प्रबंध किए हैं।
कावड़ यात्रा 2026 की प्रमुख तिथियां :-
- प्रारम्भ :- 30 जुलाई 2026 (सावन का पहला दिन)
- प्रथम सावन सोमवार :- 3 अगस्त 2026
- द्वितीय सावन सोमवार :- 10 अगस्त 2026
- सावन शिवरात्रि :- 11 अगस्त 2026

कावड़ मेले की तैयारी तेज
कावड़ यात्रियों की सुरक्षा :-
प्रशासन का कहना है कि इस बार कावड़ियों की सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं होगा। कावड़ मेले में करीब पांच हजार पुलिसकर्मी सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगे। शिवभक्तों के इतने बड़े जनसैलाब को संभालने के लिए संवेदनशील स्थानों पर विशेष इंतजाम किए जाएंगे। बम निरोधक दस्ता (BDS) और डॉग स्क्वाड को भी सक्रिय रखा जाएगा। इसके अलावा मेले में भीड़ से निपटने के लिए अलग-अलग स्तर पर पुलिस बल तैनात की जाएगी। साथ ही CCTV कैमरा, ड्रोन और आधुनिक संचार व्यवस्था के माध्यम से मेले की निगरानी रखी जाएगी। हरिद्वार के SSP नवनीत सिंह ने कहा कि कावड़ मेले में शिवभक्तों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था सुचारू रूप से रखना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। किसी भी आपात स्थिति से तत्काल निपटने के लिए सुरक्षा, यातायात और भीड़ प्रबंधन को लेकर तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है ताकि देशभर से आने वाले शिवभक्तों को सुरक्षित और सुगम यात्रा का अनुभव मिल सके। उन्होंने बताया कि मेले में करीब 5 हजार जवान तैनात रहेंगे जिसमें जिला पुलिस से लेकर लगभग दो हजार प्रशिक्षु, PAC आदि बलों के जवान तैनात रहेंगे। और हर की पौड़ी, प्रमुख घाटों, कावड़ मार्ग, रेलवे स्टेशन, और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ाई जाएगी। जलभराव होने वाले गड्ढों को भरा जाएगा साथ ही कई जगहों पर बैरिकेड्स लगाए जाएंगे ताकि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
TEAM VOICE OF PANIPAT

