Haryana news : आंगनबाड़ी में बच्चों को पढ़ाएंगे युवा, 6 महीने तक मिलेगा काम का अनुभव और प्रमाणपत्र
Bal Sarathi Programme : आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों की पढ़ाई और शुरुआती विकास से युवाओं को जोड़ने के लिए सरकार ने बाल सारथी कार्यक्रम शुरू किया है। इस पहल के तहत कॉलेज और विश्वविद्यालयों के विद्यार्थी ही नहीं, बल्कि इच्छुक समुदाय के लोग भी आंगनबाड़ी केंद्रों में पहुंचकर बच्चों की गतिविधियों में सहयोग कर सकेंगे।
नई पहल का उद्देश्य युवाओं की भागीदारी से छोटे बच्चों के सीखने और विकास की प्रक्रिया को और बेहतर बनाना है। कार्यक्रम के तहत जुड़ने वाले युवाओं को 2 से 6 महीने तक युवाओं को जमीनी अनुभव और इसका प्रमाण पत्र भी मिलेगा। बाल सारथी कार्यक्रम युवाओं के लिए केवल सामाजिक सेवा का अवसर नहीं, बल्कि बच्चों की शुरुआती शिक्षा और विकास को करीब से समझने का माध्यम भी बनेगा।
खासकर शिक्षा, बाल विकास और सामाजिक कार्य से जुड़े विद्यार्थियों को आंगनबाड़ी केंद्रों में सीधे काम करने का अनुभव मिल सकेगा। कार्यक्रम पूरा करने पर हरियाणा महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से प्रमाणपत्र भी दिया जाएगा। साथ ही उन्हें मार्गदर्शन और मेंटरिंग की सुविधा मिलेगी।
आंगनबाड़ी केंद्रों में काम करने का अवसर मिलेगा। इस दौरान वे बच्चों के साथ खेल आधारित गतिविधियों में हिस्सा लेंगे और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को उनके दैनिक कार्यों में सहयोग देंगे। बच्चों को खेल-खेल में सिखाने, उनकी रचनात्मकता बढ़ाने और सीखने के अनुकूल माहौल तैयार करने में उनकी भूमिका रहेगी।
पोर्टल पर आवेदन जरूरी
कार्यक्रम से जुड़ने के इच्छुक लोगों को बाल सारथी पोर्टल पर पंजीकरण करना होगा । आवेदन के दौरान मांगी गई व्यक्तिगत जानकारी और जरूरी दस्तावेज अपलोड कर फॉर्म जमा करना होगा। आवेदन के बाद पात्रों को कार्यक्रम की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
बाल विकास की गतिविधियां समझेंगे : तरविंदर कौर
बाल सारथी कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों के साथ काम करने का अवसर मिलेगा। इससे उन्हें बाल विकास की गतिविधियों को समझने और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के सहयोग से बच्चों के सीखने की प्रक्रिया में योगदान देने का मौका मिलेगा। इच्छुक युवा पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं।
--तरविंदर कौर, ब्लॉक बाल विकास अधिकारी ।