33 साल पुराना ये गाना करवा चौथ के मोके पर होता है सब का फेवरेट, आज भी हर सुहागिन के दिल में गूंजता है ये सुपरहिट सॉन्ग
old Superhit Song : भारतीय सिनेमा में त्योहारों की खास धमक दिखती है। किसी भी त्योहार को ले लें हिंदी सिनेमा ने हर मौके के लिए एक से बढ़कर एक गीत दिए हैं। कुछ गीत ऐसे हैं, जो उसके महौल के अनुसार आने वाले त्योहार पर फिर से जीवंत हो उठते हैं। आज हम आपको बता रहे हैं, करवा चौथ पर स्टीक बैठने वाले एक ऐसे ही गीत के बारे में।
भारतीय समाज की बात करें तो करवा चाैथ का पर्व बहुत ही महत्व रखता है। क्योंकि हर सुहागिन अपने सुहाग की सलामती के लिए इस दिन व्रत रखती है। साथ ही विभिन्न श्रृंगार करती है। ऐसे में कई दिन पहले ही घरों से लेकर बाजार तक में करवा चौथ की तैयार शुरू हो जाती हैं। इस त्योहार पर जीवंत हो रहा है 1993 में आई फिल्म आशिक आवार का गीत।
यह फिल्म तब की मशहूर जोड़ी सैफअली खान और ममता कुलकर्णी को लीड रोल में लेकर बनाई गई थी। 1993 में बनी यह फिल्म करवा चौथ पर इसके खास गाने के लिए हर साल जीवंत हो उठती है। क्योंकि इस फिल्म का गीत चांद और पिया करवा चौथ त्योहार के थीम पर ही है। इस गीत के दृश्यों में जब महिलाएं हाथ में पूजा की थालियां लेकर चांद निकलने का इंतजार करती हैं तो यह बहुत ही रोमांचक पल होता है।
करवाचौथ पर जीवंत होने वाले इस गीता के बोल भी बहुत ही खास हैं। इसके बोल हैं, ए काश देखूं मैं आज की रात, ए काश देखूं मैं आज की रात चांद और पिया दोनों एक साथ। यह बोल हर सुहागिन का अपने पति के प्रति लगाव दिखाते हैं। साथ ही इन दृश्यों में पति और चांद का इंतजार भी दिखता है, जिसमें महिलाएं एक साथ अपने पति और चांद को देखती हैं।
गीत का भावुक पल वह होता है, जब फिल्म की अभिनेत्री गायत्री यानी रीता भादुरी अपने पति रणवीर यानी पंकज धीर का इंतजार करती हुई नजर आती हैं। इसमें रीता भादुरी काफी भावुक अंदाज में दिखती हैं। हालांकि सुखद पल वह होता है जब दोनों लंबे समय से बिछुड़े होने के बावजूद मिल जाते हैं।